टेक्नोलॉजी

0 358

आई आई एन डेस्क नई दिल्ली –

मोबाइल हैंडसेट बनाने वाली घरेलू कंपनी माइक्रोमैक्स कोरिया की प्रमुख इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनी सैमसंग को पछाड़ कर भारत की सबसे बड़ी स्मार्टफोन कंपनी बन गई है

यह बात आज रिसर्च कंपनी कैनेलिस ने कही।

कैनेलिस की रिपोर्ट में कहा गया कि हाल में अक्टूबर से दिसंबर 2014 की तिमाही में गुड़गांव मुख्यालय वाली कंपनी की भारतीय स्मार्टफोन बाजार में 22 प्रतिशत हिस्सेदारी रही जबकि सैमसंग की हिस्सेदारी 20 प्रतिशत रही।

कैनेलिस ने कहा, ‘माइक्रोमैक्स ने सैमसंग को पछाड़कर भारतीय स्मार्टफोन बाजार में शीर्ष स्थान प्राप्त कर लिया है और विश्व की तीसरी सबसे बडी स्मार्टफोन कंपनी बन गई है।’

रिपोर्ट के मुताबिक 2014 की चौथी तिमाही में चार शीर्ष कंपनियों में माइक्रोमैक्स, सैमसंग, कार्बन और लावा शामिल रही।

0 273

whatsapp

आई आई एन डेस्क नई दिल्ली-
हाल ही में वेब क्लायंट लॉन्च करने के बाद अब धीरे-धीरे वॉट्सऐप का वॉइस कॉलिंग फीचर भी यूजर्स के लिए रोल आउट किया जा रहा है। रेडिट यूजर प्रद्नेश पाटिल (pradnesh07) ने वॉट्सऐप के नए इंटरफेस के स्क्रीनशॉट्स और विडियो पोस्ट किये हैं जिसमें वॉइस कॉलिंग फीचर दिखाया गया है।

पाटिल ऐंड्रॉयड 5 लॉलीपॉप OS वाले अपने नेक्सस 5 पर यह फीचर यूज कर पा रहे हैं। स्क्रीनशॉट्स के मुताबिक वॉट्सऐप कॉन्टैक्ट्स को वॉइस कॉल करने के लिए, कॉल लॉग्स देखने के लिए और जारी कॉल्स के लिए अलग स्क्रीन्स होंगी। ये स्क्रीनशॉट्स दिसंबर में ऑनलाइन लीक हुए इंटरफेस जैसे ही हैं।

पाटिल के मुताबिक, यह फीचर वॉट्सऐप की नई बिल्ड (2.11.508) में मौजूद है जो सिर्फ वॉट्सऐप की वेबसाइट पर मौजूद है। इसलिए यूजर्स को वहां जाकर .apk फाइल डाउनलोड करनी होगी।

हालांकि, नया वर्जशन इन्स्टॉल करने के बाद वॉइस कॉलिंग सभी यूजर्स के लिए ऐक्टिवेट नहीं होगी। इस फीचर को यूजर सिर्फ तभी इस्तेमाल कर सकेंगे जब कॉल्स इनेबल कर चुके यूजर्स उन्हें कॉल करेंगे। पाटिल ने कन्फर्म किया कि जिसने उन्हें इनवाइट भेजा था उसका कहना है कि यह फीचर्स सभी ऐंड्रॉयड फोन्स के लिए है और भारत के अलावा कई देशों में मौजूद है।

वॉट्सऐप ने अभी यह फीचर ऑफिशली अनाउंस नहीं किया है। शायद इसे अभी सिर्फ चुनिंदा यूजर्स पर टेस्ट किया जा रहा है।

पिछले साल, वॉट्सऐप ने वॉइस फीचर लाने की बात कही थी और दिसंबर में इसके कुछ स्क्रीनशॉट्स भी लीक हुए थे।
वॉट्सऐप के सीईओ जैन कोउम के मुताबिक, वॉइस कॉलिंग फीचर आने में देरी के पीछे कुछ तकनीकी कारण थे। उन्होंने कहा था कि यह सर्विस 2015 के पहले क्वॉर्टर में आ सकेगी।

इस फीचर के आने के बाद वॉट्सऐप वीचैट, वाइबर और लाइन के सीधे कॉम्पिटिशन में आ जाएगी।

0 320

Apple iPad Air 2

आई आई इन डेस्क-

स्मार्टफोन के मुकाबले आमतौर पर टैबलेट्स की लाइफ अधिक होती है। इसका मतलब है कि इनकी सेल्स बहुत अधिक नहीं बढ़ती। हालांकि, ऐपल इससे निपटने के लिए अपनी आईपैड लाइन में हर साल सुधार करती है। आईपैड एयर 2 इसी कड़ी में कंपनी की अगली पेशकश है। यह पहले से थिन और लाइट है और इसका परफॉर्मेंस भी शानदार है। इसमें बढ़िया स्क्रीन, बेहतर कैमरा क्वॉलिटी, 10 घंटे की बैटरी लाइफ और फिंगरप्रिंट सेंसर के साथ एक नया फीचर भी दिया गया है।

आईपैड को सुंदर डिवाइस माना जाता है। इसका सिंगल पीस ऐल्युमिनियम डिजाइन और ऑल-ग्लास फ्रंट, 2010 में इसकी पहली जेनरेशन के समय से ही इसकी पहचान हैं। एयर 2 को लंबे हाथ वाले लोग एक हाथ से भी पकड़ सकते हैं, जो पहले मुश्किल था। इसमें पावर बटन, 3.5 एमएम हेडफोन जैक और वॉल्यूम रॉकर है, लेकिन इसमें पहले के आईपैड की तरह हार्डवेयर म्यूट स्विच नहीं है, जिसकी कई लोग कमी महसूस कर सकते हैं। इसका बैलेंस बहुत अच्छा है जिससे आप इसे किसी भी साइड से पकड़ सकते हैं। सैंड-ब्लास्टेड, शेम्फर्ड ऐल्युमिनियम कोल्ड और लग्जरी का एहसास देता है। हालांकि इसे बिना केस के इस्तेमाल करने में जोखिम हो सकता है क्योंकि यह काफी डेलिकेट है।

हार्डवेयर
एयर 2 में डेस्कटॉप क्लास 64-बिट प्रोसेसर- ए8 एक्स है। यह उम्दा परफॉर्मेंस देता है, जिसकी आप थिन और लाइट डिवाइस से कभी उम्मीद नहीं कर सकते। ऐपल का कहना है कि पिछले वर्ष के आईपैड एयर के ए7 चिप के मुकाबले सीपीयू का परफॉर्मेंस 40 पर्सेंट और जीपीयू का दोगुने से भी ज्यादा बेहतर है। इसमें ऐप्स तेजी से काम करते हैं। 3डी गेम्स को भी काफी आसानी से खेले जा सकते हैं। एम8 मोशन कॉप प्रोसेसर अलग-अलग सेंसर्स का ध्यान रखता है और मेन सीपीयू पर कम बोझ पड़ता है, जिसके परिणामस्वरूप बैटरी लाइफ बेहतर हो जाती है। स्क्रीन आईपैड एयर के जैसे रिजॉल्यूशन वाली है, लेकिन इसमें एक महत्वपूर्ण अंतर है। एलसीडी और कपैसिटिव टच लेयर के बीच मामूली गैप का न होना। ऐपल ने बताया है कि पहले की तीन लेयर्स को अब एक में बदल दिया गया है। इससे रिफ्लेक्शन्स कम हुए हैं, कन्ट्रास्ट बेहतर हुआ है और कलर्स बढ़ गए हैं।

कैमरा परफॉर्मेंस
आईस्लाइट कैमरा में काफी सुधार किया गया है। हम इसका कम्पैरिजन आईफोन 5 के साथ करना चाहेंगे। इसमें टाइम लैप्स, स्लो-मो विडियो, पैनोरमा जैसे फीचर्स दिए गए हैं। लेकिन अभी भी फ्लैश नहीं है। फ्रंट 2.1 एमपी फेस टाइम कैमरा पिछले एयर के जैसा ही है।

 

0 314

htc-desire-816g

आई आई इन डेस्क नई दिल्ली –
एचटीसी ने एचटीसी डिजायर 816 जी हैंडसेट का एक नया वर्जशन भारत में लॉन्च किया है। इस फोन में पहले 1.3 गीगाहर्त्ज क्वाड-कोर MT6582 प्रोसेसर को हटाकर 1.7 गीगाहर्त्ज ऑक्टा-कोर प्रोसेसर लगाया गया है।

इन दोनो वेरियंट्स के बाकी स्पेसिफिकेशन्स एक जैसे ही हैं। एचटीसी ने अभी यह खुलासा नहीं किया है कि इस वेरियंट में ऐंड्रॉयड का कौन-सा वर्जशन होगा। लेकिन इस फोन के पहले वेरियंट में ऐंड्रॉयड किटकैट 4.4.2 था। ड्यूल सिम डिजायर 816 जी (2015) में 5.5 इंच की एचडी (720×1280 पिक्सल) स्क्रीन है, 1 जीबी रैम है और 16 जीबी इनबिल्ट स्टोरेज है, जिसे माइक्रोएसडी कार्ड की मदद से 32 जीबी तक एक्सपैंड किया जा सकता है।

डिजायर 816जी (2015) में बीएसआई सेंसर और फ्लैश के साथ13 मेगापिक्सल प्राइमरी कैमरा है और 5 मेगापिक्सल फ्रंट कैमरा है। यह फोन नैनो सिम कार्ड्स को सपोर्ट करता है। इसमें 3जी, वाई-फाई, ब्लूटूथ 4.0 और जीपीएस/ए-जीपीएस कनेक्टिविटी ऑप्शन्स हैं। इस फोन का वजन 158 ग्राम है और डायमेंशन्स 156.6×78.7×7.9 mm है।

0 328

आई आई इन डेस्क-

अभी इस बारे में कोई आधिकारिक पुष्टिकरण नहीं आया है। लेकिन इंडस्ट्री के सूत्रों के मुताबिक सैमसंग मार्च 2 से 6 तक होने वाली मोबाइल वर्ल्ड कांग्रेस में इस फोन पर से परदा उठाएगी। इस बारे में जब सैमसंग इंडिया के प्रवक्ता से बात करने की कोशिश की गई, तो उन्होंने टिप्पणी करने से इनकार कर दिया।

गैलक्सी S6, जिसका बेसब्री से इंतजार किया गया है, सैमसंग के मौजूदा फ्लैगशिप स्मार्टफोन गैलक्सी S5 का सक्सेसर होगा। माना जा रहा है कि यह फोन गैलक्सी S5 से काफी ज्यादा अड्वांस्ड होगा। पिछले साल मार्च में लॉन्च किये गए गैलक्सी S5 से सैमसंग को बड़ी निराशा हाथ लगी थी। गैलक्सी S5 से हुए नुकसान की भरपाई के लिए 6 महीने बाद ही सैमसंग ने मेटैलिक बॉडी वाला गैलक्सी अल्फा स्मार्टफोन लॉन्च किया था।

उम्मीद है कि सैमसंग इसी मेटैलिक डिजाइन को गैलक्सी S6 में भी कायम रखेगा और इस स्मार्टफोन में 2K (1440×2560 पिक्सल) स्क्रीन होगी। गैलक्सी नोट एज के डिजाइन को ध्यान में रखकर सैमसंग कथित रूप से गैलक्सी S6 के कर्व्ड स्क्रीन वर्शन पर भी काम कर रहा है।

इस फोन में प्रोसेसर कौन-सा होगा इसपर अभी स्थिति साफ नहीं है। रिपोर्ट्स के मुताबिक सैमसंग जिस टॉप-एंड क्वालकॉम चिप की टेस्टिंग कर रही है उसमें हीटिंग की समस्या सामने आ रही है।

अगर ये रिपोर्ट्स सही हैं, तो हो सकता है कि सैमसंग अपने Exynos चिप का इंटरनैशनल वेरियंट यूड करे। यह चिप कथित रूप से 64 बिट आर्किटेक्चर पर डिजाइन की गई है। आमतौर पर सैमसंग यह चिप 3G डॉमिनेंट मार्केट्स में बेचता है।

इसके अलावा सैमसंग गैलक्सी S6 में 20 मेगापिक्सल प्राइमरी कैमरा, फास्ट 4G रेडियो, 32 और 64 जीबी स्टोरेज ऑपशन्स और माइक्रोएसडी कार्ड सपोर्ट होने की उम्मीद है। साथ ही इसकी बैटरी कपैसिटी 3000mAh या उससे ज्यादा भी हो सकती है।

सुनने में आया है कि सैमसंग इस फोन को एक्स्ट्रा फंक्शनैलिटी देने के लिए ऐड-ऑन बैक पैनल्स देने पर भी काम कर रहा है। माना जा रहा है कि एक बैक पैनल में जहां ई-बुक रीडर डिवेलप हो रहा है, वहीं दूसरे में S हेल्थ फीचर बैक पर देने की तैयारी है।

0 233

नई दिल्ली। पांच हजार किलोमीटर से ज्यादा दूरी तक मार करने वाली भारत की सबसे ताकतवर परमाणु मिसाइल अग्नि-5 का आज फिर कामयाब टेस्ट किया गया, आज ओडिशा के नजदीक व्हीलर द्वीप से अग्नि मिसाइल छोड़ा गया। इस मिसाइल के सफल परीक्षण से सुरक्षा बलों को और मजबूती मिलेगी।

डेढ़ टन का हथियार ढोने की क्षमता वाली इस मिसाइल को डीआरडीओ ने विकसित किया है। इस मिसाइल का पहला कामयाब टेस्ट पिछले साल 19 अप्रैल 2012 को हुआ था। अग्नि-5 के साथ भारत दुनिया के चुनिंदा छह देशों में शामिल हो गया है जिनके पास 5 हजार से ज्यादा दूर तक मार करने वाली मिसाइल हैं। इस मिसाइल को इसी साल सेना को सौंपने की योजना है। मिसाइल की जद में पूरे चीन से लेकर यूरोप तक के कई देश हैं।

missile agni 5 india

अग्नि पांच खूबियां

अग्नि-5 पांच हजार किलोमीटर दूर तक मार करने वाली मिसाइल है। इस लिहाज से यह भारत की अब तक की सबसे अधिक मारक दूरी वाली मिसाइल होगी। अग्नि-5 तीन चरणों और ठोस ईंधन वाली 17 मीटर लंबी मिसाइल है। अग्नि-5 20 मिनट में पांच हजार किलोमीटर की दूरी तय कर सकती है। यह डेढ़ मीटर यानी कार जैसे छोटे टारगेट पर भी निशाना लगा सकती है।

अग्नि पांच के लॉन्चिंग सिस्टम में कैनिस्टर तकनीक का इस्तेमाल किया गया है। इस की वजह से इस मिसाइल को कहीं भी बड़ी आसानी से ट्रांसपोर्ट किया जा सकता है। इसे सड़क से भी लॉन्च किया जा सकता है। जिससे हम अपने दुश्मन के करीब पहुंच सकते हैं।

ओपिनियन

0 11
Four Professors of IIT-Kanpur got a reprieve from the Allahabad High Court on Wednesday when it stayed action against them in connection with harassment...

स्वास्थ्य